
दुर्ग | कादम्बरी नगर वार्ड 17 में मंगलवार की शाम भक्ति और श्रद्धा से सराबोर रही, जब 30 वर्षों से निरंतर आयोजित हो रही संगीतमय श्री राम कथा का आयोजन पूरे गरिमामय माहौल में संपन्न हुआ।इस धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन रामायण महिला समिति कादम्बरी नगर द्वारा किया गया, जिसने वर्षों से समाज में धार्मिक चेतना व सांस्कृतिक परंपराओं को जीवित रखने का कार्य किया है।
कार्यक्रम में महापौर अलका बाघमार विशेष रूप से सम्मिलित हुईं। इस अवसर पर देवनारायण चन्द्राकर,पार्षद सुरूचि उमरे,सुषमा गुप्ता, निगी टांक,अरुणा भरगनिमा, शोभा गुप्ता, गीला पाण्डे,मंजू पटेल, प्रेमलता कर्मा, नेता अग्रवाल,जयश्री साहू, हेमलता मित्तल,सुनिता अग्रवाल, सीमा सेन, अन्नपूर्णा गुप्ता,प्रीति सहित भारी संख्या में भक्तों के बीच बैठकर भावपूर्ण कथा में डूबी रहीं और अंत में कथा वाचक महाराज से आशीर्वाद ग्रहण किया।
महापौर बाघमार ने अपने उद्बोधन में कहा कि रामायण केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन को सही दिशा देने वाली आदर्श शिक्षा है।
उन्होंने कहा,रामायण हमें मर्यादा, त्याग, सेवा और आदर्शों पर चलने की प्रेरणा देती है। 30 वर्षों से कादम्बरी नगर की रामायण माला समिति द्वारा यह अनवरत परंपरा निभाई जा रही है, जो हमारे समाज की एक बड़ी शक्ति है। ऐसे आयोजन समाज को जोड़ते हैं, सकारात्मकता बढ़ाते हैं और आने वाली पीढ़ियों को भी सांस्कृतिक विरासत से परिचित कराते हैं।”
महापौर अलका बाघमार ने समिति की महिलाओं की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के धार्मिक आयोजनों से समाज में सद्भाव, शांति और संस्कार का वातावरण निर्मित होता है। उन्होंने आश्वस्त किया कि नगर निगम ऐसे सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक आयोजनों को हमेशा समर्थन और सहयोग देता रहेगा।
कथा के दौरान राम भक्ति से सराबोर भजन, सुंदर कांड के प्रसंग और भक्तिमय वातावरण से पूरा क्षेत्र आध्यात्मिक अनुभूति से भर उठा। श्रद्धालुओं ने कार्यक्रम को अत्यंत सफल बताया और समिति सदस्यों ने भी विश्वास जताया कि यह परंपरा इसी प्रकार आगे भी चलती रहेगी।














